(चमोली )01नवंबर,2026
हिमालय में स्थित विश्व विख्यात फूलों की घाटी के कपाट शनिवार, 31 अक्टूबर को इस पर्यटन सीजन के लिए बंद कर दिए गए हैं। घाटी को इस साल 1 जून से पर्यटकों के लिए खोला गया था। लगभग पांच महीनों तक देश-विदेश के पर्यटकों के लिए आकर्षण का केंद्र बनी रही फूलों की घाटी में इस बार पर्यटकों की आवक ने नया कीर्तिमान स्थापित किया है। अपनी नैसर्गिक सुंदरता, दुर्लभ फूलों की प्रजातियों और समृद्ध जैव-विविधता के लिए जानी जाने वाली इस घाटी को देखने इस वर्ष 35,261 पर्यटक पहुंचे, जो अभी तक की सबसे बड़ी संख्या है।
वन क्षेत्राधिकारी आशीष जिरवान ने जानकारी देते हुए बताया कि इस पूरे सीजन में कुल 35,261 लोगों ने फूलों की घाटी का भ्रमण किया, जिसमें 34,996 भारतीय नागरिक और 265 विदेशी नागरिक शामिल हैं। भारतीय पर्यटकों में 21,306 पुरुष, 8,604 महिलाएं, 18 वर्ष से ऊपर के 4,431 छात्र और शोधार्थी तथा 12 वर्ष से ऊपर के 124 बच्चे शामिल थे। इनके अलावा 531 बुजुर्ग पर्यटकों ने भी घाटी की मनोरम वादियों का लुत्फ उठाया। विदेशी पर्यटकों में 127 पुरुष और 138 महिलाएं शामिल रहीं।
उन्होंने बताया कि इस वर्ष पर्यटकों के आगमन से वन विभाग को 67,07,500 रुपये की राजस्व प्राप्ति हुई है।
उल्लेखनीय है कि 27 सितंबर को भारी वर्षा और मौसम विभाग द्वारा जारी अलर्ट को देखते हुए पर्यटकों की सुरक्षा के मद्देनजर फूलों की घाटी को एक दिन के लिए एहतियात के तौर पर बंद किया गया था। उसके बावजूद इस बार पर्यटकों की संख्या ने सभी पिछले आंकड़ों को पीछे छोड़ दिया।
हिमालय की गोद में बसी फूलों की घाटी अपने अद्वितीय प्राकृतिक सौंदर्य, सैकड़ों किस्मों के रंग-बिरंगे फूलों, दुर्लभ वनस्पतियों और विशेष पारिस्थितिकी तंत्र के कारण दुनियाभर में मशहूर है। इस बार रिकॉर्ड संख्या में पर्यटकों के पहुंचने ने वैश्विक पर्यटन मानचित्र पर इसकी लोकप्रियता और आकर्षण को एक बार फिर साबित किया है।(साभार सू वि)


