(देहरादून)19अगस्त,2026.
उत्तराखंड विद्यालयी शिक्षा परिषद ने हाईस्कूल एवं इंटरमीडिएट परिषदीय परीक्षाफल सुधार परीक्षा-2026 (प्रथम) तथा परीक्षाफल सुधार परीक्षा-2025 (तृतीय) का परीक्षा परिणाम घोषित कर दिया है। परीक्षाफल सुधार परीक्षा के परिणाम के बाद बोर्ड परीक्षा के कुल परीक्षाफल में भी उल्लेखनीय वृद्धि हुई है।
उत्तराखंड विद्यालयी शिक्षा परिषद के सभापति एवं निदेशक माध्यमिक शिक्षा वी.पी. सिमल्टी ने बताया कि परीक्षाफल सुधार परीक्षा-2026 (प्रथम) में हाईस्कूल का कुल परीक्षाफल 83.13 फीसदी रहा। इसमें बालकों का उत्तीर्ण प्रतिशत 82.61 तथा बालिकाओं का 84.34 फीसदी रहा। वहीं इंटरमीडिएट में कुल परीक्षाफल 73.35 फीसदी रहा, जिसमें 71.20 फीसदी बालक और 76.07 फीसदी बालिकाएं उत्तीर्ण हुईं।
उन्होंने बताया कि परीक्षाफल सुधार परीक्षा के बाद हाईस्कूल का बोर्ड परीक्षा का कुल परीक्षाफल 92.10 फीसदी से बढ़कर 96.07 फीसदी हो गया है। इसमें बालकों का उत्तीर्ण प्रतिशत 93.94 और बालिकाओं का 98.14 फीसदी है।
इसी प्रकार इंटरमीडिएट में भी उत्तीर्ण प्रतिशत में उल्लेखनीय बढ़ोतरी हुई है। पहले जहां कुल 85.11 फीसदी छात्र-छात्राएं उत्तीर्ण हुए थे, वहीं अब यह आंकड़ा बढ़कर 91.80 फीसदी हो गया है। इसमें 89.26 फीसदी बालक और 94.16 फीसदी बालिकाएं शामिल हैं।
परीक्षाफल सुधार परीक्षा-2025 का परिणाम
परिषद के सभापति वी.पी. सिमल्टी ने बताया कि परीक्षाफल सुधार परीक्षा-2025 (तृतीय) का परिणाम भी घोषित कर दिया गया है। इसमें हाईस्कूल का कुल परीक्षाफल 66.67 फीसदी रहा। बालकों का उत्तीर्ण प्रतिशत 71.88 तथा बालिकाओं का 57.89 फीसदी रहा। इंटरमीडिएट में कुल परीक्षाफल 58.70 फीसदी रहा, जिसमें 61.54 फीसदी बालक और 55 फीसदी बालिकाएं उत्तीर्ण हुईं।
शिक्षा मंत्री ने दी सफल छात्र-छात्राओं को बधाई
विद्यालयी शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने कहा कि परीक्षाफल सुधार परीक्षा उन छात्र-छात्राओं के लिए महत्वपूर्ण अवसर है, जो मुख्य बोर्ड परीक्षा में किसी विषय में अनुत्तीर्ण रह गए हों अथवा अपने अंकों में सुधार करना चाहते हों। उन्होंने कहा कि इस परीक्षा के माध्यम से विद्यार्थियों को अपनी मेहनत के बल पर बेहतर परिणाम हासिल करने का एक और अवसर मिलता है। उन्होंने परीक्षाफल सुधार परीक्षा में उत्तीर्ण सभी छात्र-छात्राओं एवं उनके अभिभावकों को बधाई और शुभकामनाएं दीं।(साभार सू वि)
