(देहरादून)12दिसंबर,2025.
चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग को 10 और नए विशेषज्ञ चिकित्सक मिल गए हैं। पीएमएचएस संवर्ग के इन विशेषज्ञ चिकित्सकों की नई तैनाती को स्वास्थ्य मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने अनुमोदन दे दिया है। पोस्ट ग्रेजुएशन कोर्स पूरा करने के बाद इन्हें उनकी विशेषज्ञता के आधार पर प्रदेशभर के विभिन्न अस्पतालों में भेजा गया है। इन नियुक्तियों से स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूती मिलेगी और विशेषकर दूरस्थ क्षेत्रों में लोगों को बेहतर उपचार उपलब्ध कराया जा सकेगा।
प्रदेश में विशेषज्ञ चिकित्सकों की कमी को दूर करने के लिए राज्य सरकार लगातार विभिन्न स्तरों पर काम कर रही है। चिकित्सा इकाइयों में विशेषज्ञ सेवाओं के विस्तार के साथ ही विशेषज्ञ डॉक्टरों की नियुक्ति की प्रक्रिया निरंतर जारी है, ताकि स्थानीय स्तर पर गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सुविधाएँ सुनिश्चित की जा सकें। इसी क्रम में विभाग को 10 और विशेषज्ञ प्राप्त हुए हैं, जिनमें एमडी पथोलॉजी और एमडी कम्यूनिटी मेडिसिन में 2-2 विशेषज्ञ, जबकि एमडी मेडिसिन, एमडी एनेस्थीसिया, डीएनबी फैमिली मेडिसिन, फैमिली मेडिसिन, अस्थि रोग विशेषज्ञ और नेत्र सर्जन के 1-1 विशेषज्ञ शामिल हैं।
इन विशेषज्ञ चिकित्सकों की तैनाती प्रदेश के उन चिकित्सा केंद्रों में की गई है जहाँ पद रिक्त थे और सेवाओं की आवश्यकता थी। तैनाती प्राप्त करने वालों में डॉ. नेहा कल्पासी और डॉ. आयुषी चौहान जिला चिकित्सालय पिथौरागढ़, डॉ. विकास थलेड़ी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र गैरसैंण, डॉ. जयशंकर उप जिला चिकित्सालय श्रीनगर, डॉ. अनुराधा हयांकी और डॉ. सृष्टि भारती सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र चौखुटिया, डॉ. अनुराग अग्रवाल और डॉ. दीपक शर्मा उप जिला चिकित्सालय काशीपुर, डॉ. चेतन अग्रवाल जिला चिकित्सालय रुद्रप्रयाग तथा डॉ. स्नेही कल्याल बेस अस्पताल हल्द्वानी में अपनी सेवाएँ देंगे।
स्वास्थ्य मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने कहा कि राज्य सरकार स्थानीय स्तर पर विशेषज्ञ चिकित्सकों की मांग को लेकर बेहद संवेदनशील है। विशेषज्ञ सेवाओं को मजबूत करने के लिए निरंतर नई तैनातियाँ की जा रही हैं। नए विशेषज्ञों के जुड़ने से प्रदेश की स्वास्थ्य सेवाओं को गति मिलेगी और आम जनता को बेहतर व गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सुविधाएँ मिल सकेंगी।
