(नई दिल्ली)14सितंबर,2026
लंदन में रविवार को टेम्स नदी के किनारे पहली बार गंगा आरती हुई। यह रोशनी और आभार व्यक्त करने का एक समारोह था, जिसमें हजारों लोग शामिल हुए।
चिन्मय मिशन यूके ने सालाना टोटली टेम्स फेस्टिवल के साथ मिलकर टेम्स पर गंगा आरतीः रोशनी का समारोह आयोजित किया। यह कार्यक्रम संस्था के 75 साल के वैश्विक जश्न का हिस्सा था।
आयोजकों के अनुसार,भारत में गंगा नदी के किनारे होने वाली विश्व-प्रसिद्ध आरती की भावना को दोहराते हुए लंदन में आयोजित इस कार्यक्रम को प्रकृति, ज्ञान और चेतना के जीवन-दायिनी प्रवाह के प्रतीक के रूप में आयोजित किया गया था। चिन्मय मिशन यूके की रेजिडेंट टीचर ब्रह्मचारिणी श्रीप्रिया “पीढ़ियों से समुदाय गंगा के किनारे इकट्ठे होते रहे हैं”
उन्होंने कहा, “टेम्स पर होने वाली गंगा आरती भी उसी भावना को आगे बढ़ाती है और लोगों को आभार, उम्मीद और एकता के साझा पल में एक साथ लाती है।” चैतन्य ने बताया कि चिन्मय मिशन के लिए गंगा नदी ज्ञान के प्रवाह का भी प्रतीक है।
उन्होंने कहा, “हमारे संस्थापक स्वामी चिन्मयानंद ने अपना जीवन वेदांत के शाश्वत ज्ञान को हिमालय से लोगों के रोजमर्रा के जीवन तक पहुंचाने के लिए समर्पित कर दिया। जब हम चिन्मय मिशन के 75 साल पूरे होने का जश्न मना रहे हैं तो यह कार्यक्रम उस विरासत का भी जश्न है। ज्ञान, सेवा और सीमाओं से परे बहने वाले आभार की विरासत।”(साभार दै.जा.)
